Monday, 29 July 2019

ऐ मेरे यारा


ऐ मेरे यारा  sssss
तेरे दर पे खडे...  है शिकारी
बन के भिकारी
तुने भेद न इनका क्यूं जाना
या फिर
जाना और बना अंजना

आफताब की मेहेर
बरसे सब पे है बराबर
कौनु जलाये रोटी
कौनु जलाये घर
कौनु जलाये रोटी
कौनु जलाये घर
आफताब है मगर
इन सबसे बेखबर

तू तो खुदा है यारा ssssss
रखता सबकी है खबर
उनको दे दिया है दिया क्यूं
जिन्होने जलाये घर
सब कुछ है माना ssss ...
सब कुछ है माना तुझे
ये भी तुने जाना sssss
फिर भी .... भेद न इनका क्यूं जाना
या फिर
जाना और बना अंजना
ऐ मेरे यारा  sssss

अंधेर नही देर है
कहता हर पीर है
देर की लुघात में
बता क्या तारीफ है
प्यासे का पानी छीने
बरसायी तुने रहमत
उकुबत के बदले कैसे
थमा दी हुकुमत

तू तो खुदा है यारा ssssss
रखता सबकी है खबर
उनको दे दिया है दिया क्यूं
जिन्होने जलाये घर
सब कुछ है माना ssss
सब कुछ है माना तुझे
ये भी तुने जाना sssss
फिर भी .... भेद न इनका क्यूं जाना
या फिर
जाना और बना अंजना
ऐ मेरे यारा  sssss